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पाकिस्तान: हाफिज सईद पर जुम्मे का संबोधन देने पर रोक लगी, 120 से अधिक आतंकी हिरासत में

लाहौर। मुम्बई आतंकवादी हमले के मास्टरमाइंड हाफिज सईद पर पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के लाहौर में जमात -उद-दवा (जेयूडी)के मुख्यालयों में जुम्मे की नमाज के बाद संबोधन करने पर रोक लगा दी गयी है. हाल के वर्षों में शायद ऐसा पहली बार है कि सईद लाहौर में होने के बावजूद भी जेयूडी मुख्यालय जामिया मस्जिद कदसिया में जुम्मे का संबोधन नहीं दे पाएगा.

सईद को कभी भी जुम्मे का संबोधन देने से नहीं रोका गया, उस दौर में भी नहीं, जब मस्जिद कदसिया का नियंत्रण पंजाब सरकार के हाथों में था. पंजाब सरकार के एक वरिष्ठ अधिकारी ने पीटीआई भाषा से कहा, ‘‘पंजाब पुलिस ने जामिया मस्जिद कदसिया को सील कर दिया है. सईद को शुक्रवार को अपना साप्ताहिक संबोधन देने के लिए परिसर में घुसने नहीं दिया जाएगा. ’’

उन्होंने कहा, ‘‘सईद ने पंजाब सरकार से उसे कदसिया मस्जिद में शुक्रवार को संबोधन देने की इजाजत देने का अनुरोध किया लेकिन अनुरोध ठुकरा दिया गया. यह सईद के प्रभाव को देखते हुए बड़ा अहम माना जा रहा है क्योंकि पहली बार सरकार ने उसे संबोधित करने से मना कियसा है .’’

पाकिस्तान प्रशासन ने प्रतिबंधित संगठनों पर वर्तमान कार्रवाई के तहत बृहस्पतिवार को जेयूडी और एफआईएफ के मुख्यालयों को सील कर दिया और 120 से अधिक आतंकवादियों को हिरासत में ले लिया.

पंजाब के गृह विभाग ने गुरूवार को जारी बयान में कहा, ‘‘राष्ट्रीय कार्य योजना (एनएपी) के तहत सरकार ने लाहौर और मुरीदके में जेयूडी और एफआईएफ के मुख्यालयों को पूरी तरह अपने नियंत्रण में ले लिया है.’’
विभाग ने कहा कि सरकार प्रांत में प्रतिबंधित संगठनों की मस्जिदों, मदरसों और अन्य संस्थाओं का नियंत्रण अपने हाथों में ले रही है. बयान के मुताबिक, ‘‘हमने प्रतिबंधित संगठनों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है.’’

अधिकारी ने कहा, ‘‘पंजाब सरकार ने जेयूडी के मुरीदके मुख्यालय और लाहौर में दो कार्यालयों में कम से कम छह प्रशासक नियुक्त किए हैं.’’ अधिकारी ने बताया कि सरकार ने लाहौर से करीब 40 किलोमीटर दूर मुरीदके स्थित जेयूडी के मुख्यालय पर भी पूरा नियंत्रण कर लिया है. हालांकि, गृह विभाग ने इसकी पुष्टि नहीं की.

उन्होंने यह भी कहा कि प्रशासन और पुलिस के अधिकारी जब इमारत का नियंत्रण अपने हाथों में लेने के लिए वहां पहुंचे तो सईद और उनके समर्थकों ने कोई विरोध नहीं किया. उन्होंने कहा, ‘‘अपने समर्थकों के साथ सईद जौहर टाउन स्थित अपने आवास के लिए रवाना हो गया.’’

सईद पर दिसंबर 2008 में संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने प्रतिबंध लगाया था. उसे नवंबर 2017 में पाकिस्तान में नजरबंदी से रिहा किया गया था. अमेरिका ने इसे जून 2014 में विदेशी आतंकवादी घोषित किया था.

जेयूडी को लश्कर ए तैयबा का अग्रिम संगठन माना जाता है. लश्कर ए तैयाबा मुम्बई हमले के जिम्मेदार है जिसमें 166 लोगों की जान चली गयी थी. अमेरिका ने जून, 2014 में लश्कर ए तैयबा को विदेशी आतंकवादी संगठन घोषित कर दिया था.

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